सोने के बाद आंखों में जलन क्यों होती है? वायरल दावों और असली सच्चाई को समझें
मानव पलकों पर मौजूद छोटे-छोटे जीवों की एक डरावनी तस्वीर सोशल मीडिया पर वायरल हो रही है। इसे देखकर कई…
मानव पलकों पर मौजूद छोटे-छोटे जीवों की एक डरावनी तस्वीर सोशल मीडिया पर वायरल हो रही है। इसे देखकर कई लोगों को डर लग रहा है कि सोते समय उनकी आंखों के आसपास छोटे जीव घूम रहे हैं और आंखों को नुकसान पहुंचा रहे हैं। लेकिन इस दावे में कितनी सच्चाई है और आंखों की सेहत को लेकर वास्तव में क्या जानना जरूरी है?
सोशल मीडिया पर कई पोस्ट दावा करती हैं कि कुछ परिस्थितियों में सोने से आंखों की पलकों पर सूक्ष्म जीव जमा हो सकते हैं और गंभीर समस्याएं पैदा कर सकते हैं। इन पोस्ट के साथ दिखाई जाने वाली डरावनी तस्वीरें अक्सर लोगों को यह विश्वास दिलाती हैं कि रात में लाखों छोटे जीव हमारी पलकों पर सक्रिय हो जाते हैं।
हालांकि तस्वीरें डरावनी लग सकती हैं, लेकिन वास्तविकता इतनी भयावह नहीं है।

सोशल मीडिया पर वायरल होने वाली कुछ तस्वीरों में पलकों के रोमछिद्रों से जुड़े कई छोटे जीव दिखाई देते हैं। विशेषज्ञों के अनुसार, ऐसी कई वायरल तस्वीरें या तो अत्यधिक एडिट की गई होती हैं, डिजिटल रूप से बढ़ाई गई होती हैं या केवल उदाहरण के लिए बनाई गई होती हैं।
हालांकि, Demodex mites नामक बेहद छोटे सूक्ष्म जीव वास्तव में मौजूद होते हैं। ये सामान्य रूप से इंसानी त्वचा पर रहते हैं और पलकों सहित बालों के रोमछिद्रों के आसपास पाए जा सकते हैं।
अधिकांश लोगों में Demodex mites मौजूद होने के बावजूद कोई लक्षण दिखाई नहीं देते और उन्हें इसकी जानकारी भी नहीं होती।
हां।
Demodex mites बेहद छोटे जीव होते हैं और मुख्य रूप से त्वचा के तेल तथा मृत त्वचा कोशिकाओं पर निर्भर रहते हैं। इन्हें कई स्वस्थ वयस्कों की त्वचा के सामान्य माइक्रोबायोम का हिस्सा माना जाता है।
समस्या तब हो सकती है जब इनकी संख्या बहुत अधिक बढ़ जाए या पलकों और आसपास की त्वचा को प्रभावित करने वाली कोई अन्य समस्या मौजूद हो।
कुछ मामलों में अधिक संख्या में Demodex mites को इन समस्याओं से जोड़ा गया है:

हालांकि, इन लक्षणों के पीछे कई अन्य आंखों से जुड़ी समस्याएं भी हो सकती हैं। इसलिए केवल लक्षणों के आधार पर यह निष्कर्ष निकालना सही नहीं है कि इसका कारण Demodex mites ही हैं।
कई लोगों को जागने के बाद आंखों में असहजता महसूस होती है। इससे उन्हें संक्रमण या किसी परजीवी की चिंता हो सकती है। लेकिन इसके कई सामान्य कारण हो सकते हैं।
सोते समय आंसुओं का उत्पादन कम हो जाता है। कुछ लोगों में इसकी वजह से सुबह उठने पर आंखों में सूखापन, जलन या ऐसा महसूस हो सकता है जैसे आंखों में कुछ पड़ा हुआ हो।
तेल, धूल, मेकअप के अवशेष और मृत त्वचा कोशिकाएं पलकों तथा पलकों के बालों के आसपास जमा हो सकती हैं। इससे जलन और असहजता बढ़ सकती है।
बिस्तर में मौजूद धूल के कण, पालतू जानवरों की रूसी या परागकण कुछ लोगों में एलर्जी पैदा कर सकते हैं। इसके कारण रातभर या सुबह उठने के बाद आंखों में खुजली और जलन हो सकती है।
Blepharitis पलकों के किनारों में होने वाली एक आम सूजन है। इसमें आंखों के आसपास लालिमा, जलन, खुजली और पलकों पर पपड़ी जमने जैसी समस्या हो सकती है।
आंखों के विशेषज्ञ स्वस्थ पलकों और आंखों को बनाए रखने के लिए कुछ आसान आदतें अपनाने की सलाह देते हैं:
पलकों की अच्छी स्वच्छता बनाए रखने से अतिरिक्त तेल और गंदगी के जमाव को कम करने में मदद मिल सकती है।
अगर आपको इनमें से कोई समस्या लगातार बनी रहती है, तो आंखों के डॉक्टर से सलाह लेना बेहतर है:
आंखों के विशेषज्ञ जांच करके यह पता लगा सकते हैं कि समस्या का वास्तविक कारण क्या है और उसके अनुसार उचित उपचार की सलाह दे सकते हैं।
सोशल मीडिया पर वायरल होने वाली तस्वीरें अक्सर लोगों का ध्यान आकर्षित करने के लिए स्वास्थ्य संबंधी चिंताओं को बढ़ा-चढ़ाकर पेश करती हैं। पलकों पर रहने वाले Demodex mites वास्तविक हैं, लेकिन वे कई स्वस्थ लोगों में भी पाए जाते हैं और आमतौर पर किसी समस्या का कारण नहीं बनते।
इसलिए वायरल तस्वीरों से घबराने के बजाय आंखों की उचित स्वच्छता बनाए रखना, पर्याप्त नींद लेना और लगातार समस्या होने पर आंखों की जांच करवाना अधिक महत्वपूर्ण है।
हर वायरल स्वास्थ्य दावा सच नहीं होता। आंखों में लगातार दर्द, लालिमा या दिखाई देने में परेशानी हो तो इंटरनेट पर अनुमान लगाने के बजाय डॉक्टर से जांच करवाना सबसे सुरक्षित विकल्प है।
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